बेटी घर के शान ये, देवव मया दुलार।
लक्ष्मी दुर्गा अउ हरे, सीता के अवतार।।
सीता के अवतार, मान बेटी के राखव।
देवव गा सम्मान, भेद भाव झने मानव।।
कहे हेम कविराय, धरे सुख के जी पेटी।
जग बर हे अनमोल, शान ये घर के बेटी।।
- हेमलाल साहू
ग्राम गिधवा, पोस्ट नगधा
तहसील नवागढ़, जिला बेमेतरा
छत्तीसगढ़ पिन- 491340
जनम जनम के बंधना, मया प्रीत के छाँव। भुइँया के बेटा हरव, जेकर महिमा गाव।। मोर छत्तीसगढ़ी रचना कोठी।
10 मार्च 2018
हेम के कुण्डलिया(बेटी)
तुरते ताही
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