8 अप्रैल 2016

जेवारा

जेवारा

नवदिन बर आगे हवय, देख नवरात तोर।
जेवारा बोयेव घर, मात बिराजव मोर।।

जेवारा दाई हवय, नवदिन घर मा मोर।
सेवा दाई के करव, भक्ति भाव ला जोर।।

पान फूल नरियर धरे, हाथ चढ़ाये जोर।
सदा रहे आशीष हा, देवव दाई तोर।।

अड़हा गरीब मे हवव, सेवा ल करव तोर।
भूल चूक माफ करहव, जोरेव हाथ जोर।।

हेमलाल साहू

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