2 मई 2020

डॉ भीमराव अंबेडकर

कज्जल छंद

जय हो अम्बेडकर तोर।
गावँव महिमा हाथ जोर।
लाये बिद्या के अँजोर।
बाँटे तँय हर गली खोर।1।

सत्य अहिंसा रहय शान।
गाँधी जी के तँय मितान।
सुघ्घर बोली मीठ जुबान।
जन मा बसथे तोर प्रान।2।

पढ़के आये तँय बिदेश।
कभू रखे ना कपट वेश।
हरे देश के सबो क्लेश।
राखे बाबा जन उद्देश।3।

संविधान हाँ बनिस वेद।
रहे कोउनो ला न खेद।
मन होइस सबके सफेद।
जात पात के मिटे भेद।4।

जन ला देवाय अधिकार।
ऊँच नीच के करे उपचार।
मन विद्या के ज्योति बार।
जन ला बनाय होशियार।5।
-हेमलाल साहू
ग्राम गिधवा, पोस्ट नगधा
तहसील नवागढ़, जिला बेमेतरा

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